निराशा के पलों में आशा की किरण दिखता है ये भजन .............
"वो बुराई करें
हम भलाई भरें
नहीं बदले की हो कामना
बढ़ उठे प्यार का हर कदम
और मिटे बैर का ये भरम "
इस भजन का हर शब्द दिल को बहुत सुकून देता है :) :)
ऐ मालिक तेरे बन्दे हम !
- अपराजिता
"वो बुराई करें
हम भलाई भरें
नहीं बदले की हो कामना
बढ़ उठे प्यार का हर कदम
और मिटे बैर का ये भरम "
इस भजन का हर शब्द दिल को बहुत सुकून देता है :) :)
ऐ मालिक तेरे बन्दे हम !
- अपराजिता
No comments:
Post a Comment